दंडकारण्य सेहत संदेश : Natural Healing Herb बहेड़ा, के औषधीय गुणों और उपयोग की संपूर्ण जानकारी

बहेड़ा (Bahera / Bibhitaki) –
1. परिचय (Introduction)
बहेड़ा आयुर्वेद के प्रसिद्ध त्रिफला का एक हिस्सा है (हरीतकी + आंवला + बहेड़ा)।
इसका संस्कृत नाम विभीतकी (Bibhitaki) है।
यह एक शक्तिशाली औषधीय फल है जो पाचन, बाल, गला और श्वसन पर बहुत अच्छा असर देता है।
2. बहेड़ा के प्रमुख गुण (Properties / Benefits)
1. खांसी-गला आरामगला साफ करता है
पुरानी खांसी में फायदेमंद
कफ कम करता है
2. पाचन शक्ति बढ़ाता है
कब्ज में राहत
गैस, एसिडिटी कम
पेट हल्का और साफ रखता है
3. बालों के लिए बेहतरीन
बालों का झड़ना कम
सफेद बाल काले करने में मदद
डैंड्रफ कम
4. आंखों के लिए लाभकारी
आंखों की रोशनी में सुधार
लाल आंख, खुजली में राहत
5. रोग प्रतिरोधक क्षमता
इम्यून सिस्टम मजबूत करता है
सर्दी-खांसी जल्दी ठीक होने में मदद
6. त्वचा पर फायदा
मुंहासे कम
स्किन ग्लो देती है
3. बहेड़ा का उपयोग कैसे करें (How to Use)
1. पाउडर (चूर्ण)
सुबह खाली पेट या रात को सोने से पहले
गुनगुने पानी के साथ
2. काढ़ा
खांसी और गले में अधिक आराम
3. तेल (Hair Oil)
बालों के लिए बहुत लाभदायक
4. त्रिफला के रूप में
पाचन, स्किन और बाल – तीनों में फायदा
4. कौन लें? (Who Should Take Bahera)
निम्न लोग ले सकते हैं —
खांसी/कफ वाले
बाल झड़ने वाले
एसिडिटी वाले
बार-बार गला खराब होने वाले
कमजोर इम्युनिटी वाले
पेट भारी रहने वाले
5. कौन न लें? (Who Should Avoid)
जिन लोगों को सावधान रहना चाहिए —
गर्भवती महिलाएँ
बहुत छोटे बच्चे (5 साल से कम)
लगातार दस्त/ढीला पेट रहने वाले
कमज़ोर, बहुत दुबले लोग (यह कफ घटाता है, वजन कम कर सकता है)
अगर कोई गंभीर बीमारी हो और डॉक्टर की दवा चल रही हो
6. कब और कितना लें? (Dosage & Timing)
खुराक (Adults)
½ से 1 चम्मच (3–5 ग्राम) पाउडर
कब लें?
खाली पेट सुबह, या
रात को सोने से पहले
कैसे लें?
गुनगुने पानी या शहद के साथ
खांसी में — काढ़ा
बालों के लिए — तेल




