Chhattisgarh: बस्तर राइजिंग” टीम का बस्तर के प्रवेश द्वार में आगमन ……

संवादाता – धनेन्द्र निषाद
बस्तर राइजिंग” टीम का बस्तर के प्रवेश द्वार में आगमन …..
गढ़धनोरा, गोबरहीन और होनहेड़ जलप्रपात का किया भ्रमण छत्तीसगढ़ शासन के जनसम्पर्क विभाग एवं बस्तर संभाग के जिला प्रशासन के संयुक्त प्रयास से चल रहे “बस्तर राइजिंग” विशेष अभियान के तहत आज टीम का आगमन केशकाल विकासखंड के टाटामारी में हुआ।
अभियान के प्रथम दिन हिमाचल प्रदेश से आए नवाचारी दल के सदस्यों ने
गोबरहीन के प्राचीन शिवलिंग का अवलोकन किया तथा 6वीं शताब्दी के ऐतिहासिक गढ़धनोरा के बारे में जानकारी ली। इसके बाद टीम ने होनहेड़ जलप्रपात की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद लिया और उसकी भूरि-भूरि प्रशंसा की।
अभियान का उद्देश्य
“हार्मोनी फेस्ट 2025” के अंतर्गत “बस्तर राइजिंग” एक बहुआयामी पहल है, जिसका उद्देश्य बस्तर संभाग की सांस्कृतिक, पर्यावरणीय और उद्यमशीलता क्षमताओं को राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत करना है।
इस दौरान जनसंपर्क विभाग द्वारा संवाद कार्यशालाएँ,
सांस्कृतिक कार्यक्रम,
तथा युवाओं, शिल्पकारों व स्थानीय समुदायों के साथ इंटरैक्शन आयोजित किए जा रहे हैं।
अभियान की थीम — “दिल मेला : दिल में ला”
इस थीम के अंतर्गत बस्तर की प्रेरक कहानियाँ, नवाचार और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित किया जा रहा है। सात सदस्यीय टीम में शामिल प्रतुल जैन (संस्थापक, Places of Possibilities),
परीना सिंघल, पलक चौधरी, आयुषी कपूर,
निष्ठा जोशी, सदफ अंजुम और फ्रानो डिसिल्वा।




