
जिला निर्माण समिति में करोडों का टेंडर घोटाला,खुलासे के बाद मामला गरमाया
कलेक्टर ने कहा:नियम विरुद्ध लगाए गए निविदा होंगे निरस्त

साल भर चला गोपनीय टेंडर लगाकर सरकारी खजाने में सेंधमारी का खेल
तत्कालीन कलेक्टर और नोडल अधिकारी पर लेनदेन का आरोप
जिला ठेकेदार संघ में भारी नाराजगी,प्रशासन से इंसाफ की गुहार

भाजपा और आप पार्टी ने खोला मोर्चा,कार्रवाई की मांग हुई तेज
नारायणपुर।
जिला निर्माण समिति में करोड़ो रुपये का टेंडर घोटाला किए जाने की चर्चा शहर में जोर शोर से चल रही है। तत्कालीन कलेक्टर के ऊपर लेनदेन का आरोप भी लगाए जा रहे है। टेंडर प्रक्रिया को दरकिनार कर कलेक्टर की केबिन से कुछ खास ठेकेदारों के करोडों रुपये का टेंडर दिए जाने का खुलासा होने के बाद मामला गरमा गया है। इधर जिला ठेकेदार संघ के लोग खफा हो गए है। संघ के द्वारा हाल के महीनों में जिला निर्माण समिति से जारी हुए ठेके को निरस्त करने की मांग की जा रही है। जो ठेकेदार कार्य पूर्ण कर चुके हैं उनके भुगतान भी नहीं किए जा रहे है। इस बात से कलेक्टर को अवगत कराया गया है।
संघ के अध्यक्ष मनीष राठौर, सचिव शाहरुख पोटियावाला,उपाध्यक्ष प्रवीण जैन, रतन दुबे, संजय तिवारी समेत अन्य लोगों ने बताया कि संघ की बैठक आहुत करने के बाद सर्व सम्मति से गोपनीय निविदा को निरस्त करने की सहमति बनी है। जिसके बाद संघ के द्वारा कलेक्टर ऋतुराज रघुवंशी को गोपनीय निविदा निरस्त करने के लिए पत्र दिया गया है। उन्होंने बताया कि कलेक्टर श्री रघुवंशी के द्वारा संघ की शिकायतों को सुनने के बाद नियम विरुद्ध लगाए गए निविदा को निरस्त करने का आश्वासन दिया गया है। कलेक्टर श्री ऋतुराज से सकारात्मक जवाब मिलने से जिले से सभी ठेकेदारों में हर्ष है। ठेकेदार संघ के द्वारा कलेक्टर का आभार जताया गया है।
जमकर हुआ खेला…
पिछले एक साल के अंदर जिला प्रशासन के शिक्षा विभाग ,जिला निर्माण समिति और सहायक आयुक्त कार्यालय के अंदर गोपनीय टेंडर लगाकर जमकर खेला किया गया है। चर्चा है कि पिछले सारे रिकॉर्ड को तोड़ कर कमीशन खोरी का नया इतिहास बनाया गया है। राजधानी तक तब कमीशन खोरी की चर्चा आम होने पर जिला प्रशासन के मुखिया को जिले से बाहर कर मंत्रालय का रास्ता दिखाया गया है। नियमों को दरकिनार कर रेवड़ी की तरह कुछ खास लोगों को टेंडर दिया गया है। जिनके पास वैध दस्तावेज भी नहीं है।
भाजपा के नेताओं ने दिखाया तेवर
गोपनीय टेंडर लगाकर सरकारी खजाने पर सेंधमारी की बात फूटने के बाद भाजपा और आप पार्टी के द्वारा भी सीएम,राज्यपाल और प्रमुख सचिव से शिकायत की जा रही है। जिला निर्माण समिति नोडल अधिकारी संजय चंदेल के ऊपर भी कमीशन खोरी के आरोप लगाए जा रहे है। कोरोना काल में आपदा को अवसर में बदलने की बात कहते भाजपा के जिलाध्यक्ष बृजमोहन देवांगन ने कहा कि तत्कालीन कलेक्टर धर्मेश साहू और जिला निर्माण समिति के नोडल अधिकारी संजय चंदेल की कार्यप्रणाली पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बन गया है। उन्होंने कहा कि कमीशन ख़ोरी की शिकायत आम होने के बाद कलेक्टर को हटाया गया है। उन्होंने कहा है तत्कालीन कलेक्टर के द्वारा तबादले के बाद भी बेक डेट के लाखों रुपये का टेंडर दिया गया है। जिसे निरस्त कर पूरी पारदर्शिता के साथ फिर से निविदा लगाया जाना चाहिए। इधर आप पार्टी के अध्यक्ष नरेंद्र नाग ने कहा है कि जिला निर्माण समिति के टेंडरों को निरस्त कर नए सिरे से नहीं लगाये जाने पर आप पार्टी कलेक्टर कार्यालय के सामने आंदोलन करेगी। उन्होंने बताया कि बंद कमरे में लाखों रुपये का टेंडर बाटने वाले अधिकारियों पर वैधानिक कार्रवाई होनी चाहिए।



