बदहाल सड़क को लेकर कांग्रेसियों ने किया पुतला दहन
वन मंत्री केदार कश्यप , मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री का किया पुतला दहन
2- 1 हफ्ते के अंदर सड़क निर्माण कार्य शुरू नहीं करने पर उग्र आंदोलन की दी चेतावनी

बदहाल नारायणपुर ओरछा मार्ग को लेकर नारायणपुर जिले के ग्राम छोटे डोंगर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आज छोटेडोंगर पुलिस थाने के सामने उग्र प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय , उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा और वन मंत्री केदार कश्यप का पुतला दहन किया। इस दौरान पुलिस जवानो ने दहन किए हुए पुतले पर पानी डाल कर आग पर काबू पा लिया ।प्रदर्शनकारी कांग्रेसियों का कहना है कि सत्ता में आने से पहले भाजपा ने बदहाल नारायणपुर ओरछा मार्ग को लेकर ग्राम धौड़ाई में चक्काजाम किया था और केदार कश्यप ने जनता से वादा किया था कि भाजपा के सत्ता में आते ही हम 6 महीने के भीतर नारायणपुर ओरछा मार्ग का निर्माण कराएंगे परंतु छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार बनी 2 साल से अधिक समय हो गए हैं परंतु अब तक बदहाल नारायणपुर ओरछा मार्ग को लेकर सरकार कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है। भाजपा की सरकार को आम लोगों की परेशानी नही दिख रही है।कांग्रेसियों ने वर्तमान में नारायणपुर ओरछा मार्ग में चल रहे सड़क मरम्मत कार्य पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि शासन प्रशासन सड़क मरम्मत का दिखावा कर रही है। सड़क पर लाल मिट्टी डाला जा रहा है जिससे बारिश में सड़क कीचड़ में तब्दील हो गई है जो आम लोगों के लिए मुसीबत का सबक बन गई है।
वीओ – बदहाल नारायणपुर ओरछा मार्ग में मांइस की भारी वाहनो की आवाजाही के चलते सड़क पुरी तरह उखड़ चुकी है और सड़क गड्डो मे तब्बदील हो गई है। सड़क पर बने बड़े -बड़े गड्डो की वजह से आए दिन लोग दुर्घटना के शिकार हो रहे हैं।बदहाल सड़क से परेशान होकर बस मालिको ने पिछले 16 दिनो से कोण्डागांव ओरछा मार्ग में बस सेवा बंद कर दी है।इन मार्गो में बस सेवा बंद होने से यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।बस संचालको का कहना कि खस्ता हाल सड़क की वजह से आए दिन बस बीच रास्ते में ही फस जाती है जिससे हमेशा दुर्घटना होने की आशंका बनी रहती है। इसलिए कोण्डागांव ओरछा मार्ग में अनिश्चितकाल के लिए बस सेवा बंद कर दी गयी है।बदहाल नारायणपुर ओरछा मार्ग को लेकर स्थानिय ग्रामीणो द्वारा सड़क पर उतर कर कई बार आंदोलन भी किया गया है परन्तु शासन प्रशासन की ओर से सड़क निर्माण को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।



