महाराष्ट्र के गढ़चिरोली जिले में एक बार फिर नक्सली गतिविधियों की आहट ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। जिले की एटापल्ली तहसील अंतर्गत पिपली बुर्गी उप पुलिस थाना क्षेत्र के कुंडम गांव के समीप सड़क किनारे कथित नक्सली बैनर और पर्चे मिलने से इलाके में सतर्कता बढ़ा दी गई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा बल मौके पर पहुंचे तथा पूरे क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया।
जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह स्थानीय ग्रामीणों की नजर सड़क किनारे लगाए गए लाल रंग के बैनर और हस्तलिखित पर्चों पर पड़ी। इसके बाद ग्रामीणों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस दल मौके पर पहुंचा और बैनर तथा पर्चों को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पर्चों में क्षेत्र में संचालित कुछ खनन परियोजनाओं और कंपनियों का विरोध दर्ज कराया गया है। साथ ही संबंधित कंपनियों को काम बंद करने की चेतावनी देने और स्थानीय लोगों से उनका सहयोग नहीं करने की अपील की गई है। हालांकि इन पर्चों में लिखी गई बातों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
घटना के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने आसपास के जंगलों तथा संवेदनशील इलाकों में व्यापक सर्च ऑपरेशन शुरू किया है। सुरक्षा बल यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि बैनर और पर्चे किसने लगाए तथा इसके पीछे किसी नक्सली संगठन की भूमिका है या नहीं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बरामद बैनर और पर्चों की प्रामाणिकता की जांच की जा रही है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि इन्हें वास्तव में नक्सलियों ने लगाया है या किसी अन्य व्यक्ति अथवा समूह द्वारा इन्हें वहां रखा गया है। जांच पूरी होने के बाद ही इस संबंध में आधिकारिक पुष्टि की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि गढ़चिरोली का सीमावर्ती क्षेत्र लंबे समय से नक्सल गतिविधियों के कारण संवेदनशील माना जाता है। ऐसे में इस तरह के बैनर और पर्चे मिलने की घटना को सुरक्षा एजेंसियां गंभीरता से लेते हुए हर पहलू की जांच कर रही हैं। फिलहाल क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और लोगों से किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को देने की अपील की गई है।