छत्तीसगढ़ : BSF जवानों के द्वारा दी गई सामानों को ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से बहिष्कार कर आग लगा दी: कहा कांकेर जिला से मदद नहीं चाहिए

नारायनपुर: जिले के ओरछा ब्लॉक के ग्राम कोडोनार के ग्रामीणों ने बीएसएफ जवानों के द्वारा दी गई सामानों को सामूहिक रूप से बहिष्कार किया और आग लगा कर जला दिया , ग्रामीणों का कहना हैं कि कांकेर जिले के छोटे बेटियां और मारबेड़ा कैंप के बीएसएफ जवान 16 जून को गांव में आये थे।

उस दौरान जवानों द्वारा गांव के प्रमुखों को बिना जानकारी दिए ही गांव में आकर मच्छर दानी , कंबल और पैसा दिया गया ।

ग्रामीणों का कहना है लेकिन हमे मुफ्त में सामान नही चाहिए हम अपनी मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार को चलाते हैं मुफ्त में सामान देकर हमे लालची बनाया जा रहा है।

अबूझमाड़ का यह क्षेत्र कांकेर जिला के छोटे बेटियां पखांजूर से सटा है यही कारण है की इस इलाके में कांकेर जिला के हैं बीएसएफ जवान अक्सर क्षेत्र में सर्चिंग करते नजर आते हैं।

ग्रामीणों की मुख्य मांग.

गांव में डॉक्टर की जरूरत है, हॉस्पिटल की जरूरत है, स्कूल में शिक्षक की जरूरत और पीडीएस राशन की जरूरत है इन सारी जरूरतों को अपनी पहली मांग बताया हैं।

नारायणपुर जिला से सामान मिलना चाहिए यह कहना है ग्रामीणों का

ग्रामीण अपनी मांगों को बताते हुए कहा है अगर सामान देना ही है तो नारायणपुर जिला से आए और सामान का वितरण करें हमें कांकेर जिला से सामान नहीं चाहिए इन सारी बातों को कहते हुए बीएसएफ का वितरण किया गया सामान को आग के हवाले किया है।

अब यह देखना है कि नारायणपुर जिला-प्रशासन कब नींद से जागती है, और इन ग्रामीणों की मांग को पूरा करने के लिए गंभीर होती है।

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