CG News: नारायणपुर ने दी अपने लोकप्रिय एसपी रॉबिंसन गुड़िया को भावभीनी विदाई , पत्रकारों, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों ने जताया सम्मान, कहा— “आपने सिर्फ कानून नहीं, दिल भी जीते”

कार्यकाल में अपराधों पर रहा प्रभावी नियंत्रण, सख्त कानून व्यवस्था और जनसरोकारों से बने जनता के प्रिय अधिकारी

दण्डकारण्य दर्पण 

नारायणपुर जिले के पूर्व पुलिस अधीक्षक रॉबिंसन गुड़िया को जिले के पत्रकारों, सामाजिक संगठनों, बुद्धिजीवियों और आम नागरिकों ने एक गरिमामय समारोह में भावभीनी विदाई दी। यह कार्यक्रम केवल एक औपचारिक विदाई नहीं था, बल्कि उस अधिकारी के प्रति जनता के सम्मान और विश्वास का प्रतीक था, जिसने अपने कार्यकाल के दौरान कानून व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ लोगों के दिलों में भी विशेष स्थान बनाया।

अपने कार्यकाल में एसपी रॉबिंसन गुड़िया ने नक्सल प्रभावित नारायणपुर में सुरक्षा व्यवस्था को नई दिशा दी। लगातार चलाए गए प्रभावी अभियानों, बेहतर रणनीति और पुलिस-जन सहयोग के कारण जिले में नक्सल गतिविधियों पर उल्लेखनीय नियंत्रण स्थापित हुआ। सुरक्षा बलों की सफल कार्रवाइयों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में विश्वास का माहौल भी मजबूत हुआ, जिससे विकास कार्यों को गति मिली और आम लोगों में सुरक्षा की भावना बढ़ी।

समारोह में उपस्थित पत्रकारों और नागरिकों ने कहा कि रॉबिंसन गुड़िया ने एक पुलिस अधिकारी की भूमिका से आगे बढ़कर समाज के हर वर्ग से आत्मीय संबंध बनाए। उन्होंने हमेशा संवाद को प्राथमिकता दी, समस्याओं को सुना और समाधान के लिए संवेदनशीलता के साथ कार्य किया। यही कारण है कि उनकी विदाई के अवसर पर बड़ी संख्या में लोग स्वेच्छा से उपस्थित होकर उन्हें शुभकामनाएं देने पहुंचे।

 

वक्ताओं ने कहा कि उनके कार्यकाल में जिले में गंभीर आपराधिक घटनाओं में कमी देखने को मिली। अपराधियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की गई, वहीं निर्दोष नागरिकों की सुरक्षा और सम्मान को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई। कानून का प्रभावी पालन और अपराध के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति ने जिले में शांति और कानून व्यवस्था को मजबूत बनाया।

 

नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार पुलिस की सक्रिय उपस्थिति, ग्रामीणों के साथ बेहतर समन्वय और जनविश्वास बढ़ाने के प्रयासों ने नारायणपुर को नई पहचान दिलाई। लोगों का कहना था कि उन्होंने सुरक्षा और संवेदनशीलता के बीच संतुलन बनाकर कार्य किया, जिसकी मिसाल लंबे समय तक दी जाएगी।

 

विदाई समारोह के दौरान पत्रकारों की ओर से उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर कई वक्ताओं ने कहा कि एक अधिकारी का वास्तविक मूल्यांकन उसके पद से नहीं, बल्कि जनता के बीच उसकी स्वीकार्यता और विश्वास से होता है। रॉबिंसन गुड़िया ने अपने व्यवहार, कार्यशैली और समर्पण से यह सम्मान अर्जित किया है।

 

अपने संबोधन में रॉबिंसन गुड़िया ने नारायणपुर की जनता, पत्रकारों और पुलिस विभाग के सभी अधिकारियों एवं जवानों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि “नारायणपुर मेरे लिए केवल पदस्थापना का स्थान नहीं, बल्कि एक परिवार की तरह रहा। यहां के लोगों का स्नेह और सहयोग मेरे जीवन की सबसे बड़ी पूंजी रहेगा। अपने लोगों की सेवा करने में जो आत्मिक संतोष मिला, उसे मैं कभी नहीं भूल पाऊंगा।”

 

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी लोगों ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि नारायणपुर में उनके द्वारा स्थापित जनविश्वास, कानून व्यवस्था और विकास की सोच आने वाले समय में भी प्रेरणा का स्रोत बनी रहेगी। यह विदाई समारोह एक अधिकारी के प्रति जनता के सम्मान, अपनत्व और विश्वास का जीवंत उदाहरण बन गया।

Exit mobile version