Chhattisgarh: शांतिपूर्ण एवं समृद्व नारायणपुर” के लक्ष्य आधारित नक्सलमुक्त अबूझमाड की दिशा में अंतिम कील ठोंकती नारायणपुर पुलिस ने वर्ष 2026 की दूसरी कैम्प खोली “वाड़ापेंदा” में

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“शांतिपूर्ण एवं समृद्व नारायणपुर” के लक्ष्य आधारित नक्सलमुक्त अबूझमाड की दिशा में अंतिम कील ठोंकती नारायणपुर पुलिस ने वर्ष 2026 की दूसरी कैम्प खोली “वाड़ापेंदा” में

माड़ बचाव अभियान के अन्तर्गत थाना कोहकामेटा क्षेत्रांतर्गत ग्राम वाड़ापेंदा में नवीन सुरक्षा एवं जन सुविधा कैंप।

दशकों से अलग थलग और अछूते अबूझमाड़ के इस क्षेत्र को मिलेगा मुख्य धारा का संपर्क।

नारायणपुर पुलिस, डीआरजी और बस्तर फॉईटर एवं बीएसएफ़ के 86 वीं वाहिनी, 178 वीं वाहिनी, 83 वीं वाहिनी और 133 वीं वाहिनी ने खोला वाड़ापेंदा में जन सुविधा एवं सुरक्षा कैम्प।

 

वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में नारायणपुर पुलिस द्वारा नक्सल मुक्त सशक्त बस्तर की कल्पना को साकार रूप देने हेतु क्षेत्र में लगातार नक्सल विरोधी ‘‘माड़ बचाओ’’ अभियान संचालित किया जा रहा है। साथ ही अबूझमाड़ में लगातार नवीन कैम्प स्थापित करते हुए सड़क पुल-पुलिया निर्माण सहित अन्य जन कल्याणकारी योजनाओं को अंदरूनी गांव तक पहुंचाये जाने में सहयोग प्रदान किया जा रहा है।

 

इसी कड़ी में थाना कोहकामेटा के ग्राम वाड़ापेंदा क्षेत्र में नक्सल विरोधी अभियानों एवं कोहकामेटा-कच्चापाल-परियादी एक्सिस तक सड़क निर्माण कार्य में सुरक्षा प्रदान करने एवं विकास कार्यो में सहयोग पहुंचाने के उद्देश्य से दिनांक 14-01-2026 को नारायणपुर पुलिस ने घोर नक्सल प्रभावित माड़ क्षेत्र माओवादियों के आश्रय स्थल ग्राम वाड़ापेंदा में नवीन कैम्प स्थापित किया गया है। ग्राम वाड़ापेंदा में नवीन कैम्प स्थापित होने से क्षेत्र के ग्रामीणों में काफी उत्साह एवं सुरक्षा का माहौल बना हुआ है। नवीन कैम्प वाड़ापेंदा थाना कोहकामेटा क्षेत्रान्तर्गत स्थित है तथा जिला मुख्यालय नारायणपुर से 60 किलोमीटर थाना कोहकामेटा से 32किलोमीटर, कच्चापाल से 23 किलोमीटर, कोडनार से 12किलोमीटर और जटवर से 06 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।

 

वाड़ापेंदा में नवीन कैम्प स्थापित होने से आसपास के क्षेत्र कोगाली, टहकाटोंड, परबेड़ा, रेपिंग और वाड़ापेंदा में सड़क, पुल-पुलिया, शिक्षा, चिकित्सा, मोबाईल नेटवर्क कनेक्टिविटी एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं का तेजी से विस्तार होगा। अब क्षेत्र में सुरक्षा के निगरानी में सड़क निर्माण सहित अन्य सुविधाओं को आम जनता तक पहुंचाये जाने में सहयोग प्रदान किया जायेगा।

 

दशकों से अलग थलग और अछूते अबूझमाड़ के इस क्षेत्र को मिलेगा मुख्य धारा का संपर्क। वाड़ापेंदा कैंप के द्वारा कच्चापाल से तोके कोडनार जटवर वाड़ापेंदा और बालेबेड़ा का संपर्क होगा, आम नागरिकों को सड़क सुविधा के माध्यम से अलग-अलग सुविधा और आवागमन की सुलभता प्राप्त हो सकेगी। बालेबेड़ा से गरपा तक कनेक्टिविटी हो जाएगा इसके साथ ही कच्चापाल से गरपा तक सड़क का निर्माण होगा।

 

नारायणपुर पुलिस ने वर्ष 2025 में नक्सलियों के अघोषित राजधानी कुतुल सहित कोडलियार, बेड़माकोटी, पदमकोट, कंडुलपार, नेलांगुर, पांगूड़, रायनार, एडजूम, ईदवाया, आदेर, कुड़मेल, कोंगे, सितरम, तोके, जाटलूर, धोबे, डोडीमरका, पदमेटा, लंका, परियादी, काकुर, बालेबेड़ा, कोडेनार, कोडनार, आदिनपार और मन्दोड़ा में नवीन सुरक्षा एवं जन सुविधा कैंप स्थापित किया गया है।

 

नारायणपुर पुलिस ने वर्ष 2026 में कोहकामेटा थाना क्षेत्रांतर्गत जटवर और वाड़ापेंदा में नवीन सुरक्षा एवं जन सुविधा कैंप स्थापित किया है।

 

 

श्री पी. सुन्दराज पुलिस महानिरीक्षक बस्तर रेंज जगदलपुर,

श्री अमित कांबले (भा.पु.से.) पुलिस उप महानिरीक्षक कांकेर रेंज कांकेर,

श्री रोबिनसन गुरिया पुलिस अधीक्षक नारायणपुर,

सेनानी श्री संदीप पटेल, 16वीं वाहिनी CAF नारायणपुर,

सेनानी श्री अनिल सिंह रावत, 86 वीं वाहिनी बीएसएफ़

सेनानी श्री रवि भूषण, 178 वीं वाहिनी बीएसएफ़

सेनानी श्री अरुण गंगवार, 83 वीं वाहिनी बीएसएफ़

टू-आईसी श्री संजीव कुमार, 135 वीं वाहिनी बीएसएफ़

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अक्षय प्रमोद साबद्रा,

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अजय कुमार,

उप पुलिस अधीक्षक श्री अविनाश कंवर,

उप पुलिस अधीक्षक श्री अजय कुमार सिंह,

उप पुलिस अधीक्षक श्री कुलदीप बंजारे, और

रक्षित निरीक्षक श्री सोनू वर्मा के नेतृत्व एवं निर्देशन में नवीन कैम्प स्थापना में नारायणपुर पुलिस, डीआरजी, बस्तर फॉईटर एवं बीएसएफ़ के 86 वीं वाहिनी, 178 वीं वाहिनी, 83 वीं वाहिनी और 133 वीं वाहिनी की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

 

 

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