
संवाददाता- दीपक गोटा
गोंडवाना समाज समन्वय समिति के द्वारा : दो दिवसीय वार्षिक गोंडवाना सामाजिक मिलन समारोह कार्यक्रम 10 जनवरी 2026 को आयोजित….
छत्तीसगढ़ : के गोंडवाना समाज समन्वय समिति जिला बस्तर जगदलपुर के द्वारा हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी दो दिवसीय वार्षिक गोंडवाना सामाजिक मिलन समारोह 10 जनवरी 2026 को बुढ़ाल पेन की पारंपरिक सेवा अर्जी (पूजा-अर्चना) के साथ प्रारंभ होगी -इस गरिमामय कार्यक्रम की शुरुआत होगी-यह आयोजन न केवल गोंडवाना समाज की एकता का प्रतीक है
11 जनवरी 2026 रविवार को होने वाले एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करती है- इस गरिमामयी अवसर पर बस्तर के प्रमुख राजनीतिक नेतृत्व और आदिवासी समाज के वरिष्ठ पदाधिकारियों की उपस्थिति रहेगी
इस कार्यक्रम के समापन समारोह के मुख्य अतिथि और प्रमुख उपस्थित रहेगी
महेश कश्यप: सांसद, बस्तर-किरण सिंह देव: प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं विधायक, जगदलपुर-संजय पांडे: महापौर, जगदलपुर-संग्राम सिंह राणा: वार्ड पार्षद
सुमेर सिंह नाग: संभागीय अध्यक्ष, गोंडवाना समाज समन्वय समिति-प्रकाश ठाकुर: संभागीय अध्यक्ष, सर्व आदिवासी समाज एवं समाज के प्रमुख पदाधिकारियों की उपस्थिति में समापन होगा
गोंडवाना समाज समन्वय समिति बस्तर जिला के
मीडिया प्रभारी नरेश मरकाम एवं माखन लाल सोरी द्वारा इस कार्यक्रम के बारे में बताया है कि-10 जनवरी (रविवार) का दिन वाकई बस्तर के विद्यार्थियों और महिलाओं के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने का एक बड़ा मंच साबित होगी
और इस कार्यक्रम का आगाज़ बुढ़ाल पेन की सेवा अर्जी (पूजा-अर्चना) के साथ होगा और रंगोली चित्रकला और निबंध लेखन के साथ-साथ दोना-पत्तल सिलाई जैसी पारंपरिक कलाओं को शामिल करना सराहनीय है आदिवासी पारंपरिक वेशभूषा और लोक नृत्य (एकल, सामूहिक और युगल) समाज की समृद्ध विरासत को प्रदर्शित करेंगे- होने वाले कार्यक्रम में अब तक लगभग 80 प्रतिभागियों का पंजीयन हो चुका है
इन प्रतियोगिताओं के सफल आयोजन के लिए समाज के महिला प्रभाग की पदाधिकारियों की टीम बनाई गई है और युद्ध स्तर पर तैयारी चल रही है। समाज द्वारा बस्तर जिले के सभी विकासखंडों के साथ ही साथ संभागीय मुख्यालय जगदलपुर में निवासरत गोंडवाना समाज के सदस्यों को कार्यक्रम में शामिल करने के लिए युद्ध स्तर पर संपर्क अभियान चलाया जा रहा है ताकि समाज के लोग इस कार्यक्रम में ज्यादा से ज्यादा संख्या में शामिल होकर सामाजिक एकता संस्कृति, बोली भाषा, रहन-सहन टंडा-मंडा- कुंडा नेग के बारे में जाने समझेंऔर नई पीढ़ी को भी इसके बारे में अवगत करा सकें
11 जनवरी 2026 को होने वाला यह कार्यक्रम समाज की एकजुटता और प्रगति की दिशा में एक सराहनीय कदम है जहाँ कोया पुणेम्मी बैदार जी द्वारा -टंडा मंडा कुंडा नेग- पर गहरा प्रकाश डाला जाएगा जो नई पीढ़ी के लिए अपनी जड़ों को समझने का एक सुनहरा अवसर होगा जिससे केवल रीति-रिवाजों तक सीमित न रहकर-यह कार्यक्रम शिक्षा- संवैधानिक अधिकारों, और व्यापार-व्यवसाय जैसे आधुनिक विषयों पर भी केंद्रित होगें
रोटी-बेटी व्यवस्था और विवाह योग्य युवक-युवतियों के पंजीयन के माध्यम से समाज के पारिवारिक ढांचों को मजबूती मिलेगी और सत्र 2024-25 के होनहार छात्र-छात्राओं को सम्मानित करना निश्चित रूप से समाज के युवाओं को भविष्य में और बेहतर करने के लिए प्रेरित करेगा
जिला अध्यक्ष नकुल सिंह सेवता जी के नेतृत्व में बस्तर और पूरे संभाग के गोंडवाना समाज का यह प्रयास काबिले तारीफ है-इस प्रकार के आयोजन न केवल प्राचीन गोंडी भाषा और संस्कृति का संरक्षण करते हैं बल्कि समाज को सशक्त और जागरूक भी बनाते हैं
आप सभी को इस आयोजन की अग्रिम शुभकामनाएं सेवा जोहार